[A] जयपुर
[B] जोधपुर
[C] बीकानेर
[D] उदयपुर
Answer: B
1945 का एस. ए. सुधालकर प्रतिवेदन जोधपुर देशी रियासत से सम्बन्धित है। संवैधानिक सुधारों पर अपने सुझाव देने के लिए महाराजा द्वारा नियुक्त सुधालकर कमेटी की रिपोर्ट जुताई 1945 में प्रकाशित की गयी।
इसमें व्यवस्थापिका सभा का गठन इस प्रकार किया गया कि वास्तविक सत्ता महाराजा, मुख्यमंत्री और महाराजा के नामजद मंत्रियों के हाथ में रहे। इतना ही नही दो वर्ष का कारावास भोग चुके व्यक्ति सभा के लिए चुनाव नहीं लड़ सकते थे।